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Thursday, March 12, 2020

जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in Hindi

संभल जाओ वक़्त रहते नहीं आपके बच्चे भी वही करेंगे जो आप कर रहे हो 



Hindi short story
 गांव



जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in Hindi - हेलो दोस्तों स्वागत है आपका अपने ब्लॉग पर। इस कहानी में आज बात करेंगे हम अपने सभाव की और जो हम कार्य करते है उसी को देखकर हमारे बच्चे करते है। दोस्तों अक्सर होता जिंदगी में ऐसा ही होता है के हम अपनी संतान को तो प्यार करते है पर अपने माता - पिता को नहीं और उसी ही बात को दर्शाती है ये जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in हिंदी।  मैंने अक्सर सुना है के माँ - बाप अपनी सारी सम्पति सिर्फ अपने बच्चों के लिए पूरी उम्र लगा कर अर्जित करते हैं और अंत में जिन बच्चों को बिना मेहनत किये ये सम्पति मिलती है तो वह अपने माता - पिता की कदर नहीं कर पते और इसी बात को दर्शाती है ये कहानी जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in हिंदी।  चलिए दोस्तों देर न करते हुए हम आजकी की कहानी को शुरू करते है जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in Hindi।


                                                      भूल का अहसास 



किसी गांव में एक किसान अपने बेटे बहू और पोते के साथ रहता था। जब वह बूढ़ा हो गया तो उसने अपनी सारी जिम्मेदारी अपने पुत्र और पुत्र को सौंप दी। कुछ समय तक बेटे ने पिता की ठीक तरीके से सेवा की लेकिन समय बीतने के साथ वह पिता की तरफ से उदासीन रहने लगा।


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Wednesday, February 26, 2020

बुद्ध भिक्षु ने कुछ ऐसे सीखा - Short Story in Hindi

कभी कभी हमें जो दीखता है वैसा होता नहीं ऐसे ही कुछ बता रही है ये कहानी 



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                                      भिक्षुक


बुद्ध भिक्षु ने कुछ ऐसे सीखा - Short Story in Hindi - हेलो दोस्तों स्वगत है आपका हमरे ब्लॉग पर। आज हम आपके लिए एक बुद्ध भिक्षु की कहानी लेकर आये है जो के आपको सिक्के के दोनों हिस्से देखना सिखाएगी। बुद्ध भिक्षु ने कुछ ऐसे सीखा - Short Story in Hindi इस कहानी में हम जब भी कोई कार्य करते है तब हम भगवन पर निर्भर होते है पर कभी भगवन का इशारा समझने मैं समर्थ नहीं होते, इसलिए ये कहानी आपको इशारा समझने का एक अवसर देगी। तो चलिए दोस्तों सुरु करते है हम आज की हमारी ये कहानी बुद्ध भिक्षु ने कुछ ऐसे सीखा - Short Story in Hindi ।



                                                  शेर लोमड़ी और भिक्षुक





 एक बौद्ध भिक्षु भोजन बनाने के लिए जंगल से लकड़ियां चुन रहा था कि तभी उसने कुछ अनोखा द्रिश्य देखा। कितना अजीब है यह 'उसने बिना पैरों की लोमड़ी को देखते हुए मन ही मन सोचा'। आखिर इस हालात में यह जिंदा कैसे है ? उसे आश्चर्य हुआ और ऊपर से यह बिल्कुल स्वस्थ है।



बौद्ध भिक्षु और शेर ki kahani
बौद्ध भिक्षु और शेर


 वह अपने ख्यालों में खोया हुआ था कि अचानक चारों तरफ अफरा-तफरी मचने लगी जंगल का राजा शेर उस तरफ आ रहा था। भिक्षुक तेजी दिखाते हुए एक ऊंचे पेड़ पर चढ़ गया और वहीं से सब कुछ देखने लगा। शेर ने एक हिरण का शिकार किया था और उसे अपने जबड़े में दबाकर लोमड़ी की तरफ बढ़ रहा था और शेर ने लोमड़ी पर हमला नहीं किया बल्कि उसे भी खाने के लिए मास के कुछ टुकड़े डाल दिए।


Sunday, February 16, 2020

खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi

मौका के रूप में भगवान ही आता है बस हमें पहचान करनी नहीं आती 

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साधु 


खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi - हेलो दोस्तों स्वागत है आपका अपने ब्लॉग पर। दोस्तों तकरीबन हम सबकी मद्दद करने में लगे रहते है पर खुद की मदद नहीं कर पाते पर इसी बात का सबक सिखाती जय हमारी आज की यह खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi। दोस्तों हम औरों पर आशा रखते के भगवान या कोई हमारी और मदद करें पर उसके दिए अवसरों को नहीं पहचान नहीं पाते पर अवसरों की पहचान को बताती है ये खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi । हिंदी में कहते है जिसने मोके को खो दिया उसने सब कुछ खो दिया इसी बात की पुष्टि करती है आज की हमारी कहानी खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi । तो चलिए दोस्तों शुरु करते है आज की कहानी खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi ।



                                                       भगवान बचाएगा

खुद की मदद करना सीखो - Moral Stories in Hindi 



Short Moral stories in Hindi
 गांव


एक समय की बात है। किसी गांव में एक साधु रहता था। वह भगवान का बहुत बड़ा भक्त था और निरंतर एक पेड़ के नीचे बैठकर तपस्या किया करता था। उसका भगवान पर अटूट विश्वास था और गांव वाले भी उसकी इज्जत करते थे।



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Thursday, February 6, 2020

सोच बदलो जीत मिलेगी - Short Motivational story in Hindi

                   अपनी सोच समझ से मिली जब नौकरी                                                   
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जूतों की फैक्ट्री 
 


सोच बदलो जीत मिलेगी - Short Motivational story in Hindi - दोस्तों स्वागत है आपका हमारे ब्लॉग पर । आज बात करेंगे हम सोच बदलो जीत मिलेगी - Short Motivational story in Hindi की कहानी पर ।  अक्सर क्या होता है के हम एक नजिरया लेकर ही जिंदगी जीते है तभी हमें जीत नहीं मिल पाती पर यह कहानी आपको बतयेगी के अगर आप अपनी सोच बदलो जीत मिलेगी - Short Motivational story in Hindi । अक्सर हम अपने अकड़ को लेकर यानि के कई बार अपने शाय सभाव को लेकर किसी की मद्दद नहीं कर पाते । इस से हु अपनी होने वाली तरकी को रोक लेते है यान अपने आपको एक बेहतर इंसान नहीं बना पाते। इसी मुद्दों पर ही आज की हमारी ये कहानी है सोच बदलो जीत मिलेगी - Short Motivational story in हिंदी । तो चलिए दोस्तों देरी ना करते हुए हम सुरु करते है आज की हमारी कहानी सोच बदलो जीत मिलेगी - Short Motivational story in Hindi ।



                                                   सोच का फर्क


जूतों की एक प्रसिद्ध कंपनी ने विदेश में अपना कारोबार फैलाने की योजना बनाई। इसके लिए मालिक ने अपने कंपनी के एक सेल्समैन को पड़ोस के एक देश में जूते जूतों को इस्तेमाल का योजना लेने भेजा। सेल्समैन उस देश की जगह जगह घुमा और उसने वहां हर चीज के बारे में विस्तार से जानकारी हासिल की।



फिर वह है वापिस स्वदेश लौटकर आया और कंपनी के मालिक से बोला मैंने वहां जगह-जगह घूमकर हर चीज का बारीकी से मुआयना किया और अंत में इस नतीजे पर पहुंचा हूं



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राजा व उसके तीन पुत्र - Moral Story in Hindi

       राजे ने ऐसे ली अपने तीन बच्चो की समझदारी की परीक्षा                          

राजा व उसका सिंघासन in Hindi
राजा व उसका सिंघासन 


राजा व उसके तीन पुत्र - Moral Story in Hindi - हेलो दोस्तों स्वागत है आपका अपने ब्लॉग पर आज हम आपसे बहुत ही प्यारी कहानी शेयर करने जा रहे है जिसका नाम है राजा व उसके तीन पुत्र - Moral Story in Hindi । आज की कहानी में हम राजे के नजरिये से सीखेंगे के आपकी सूझ - बूझ ही आपको अपने जीवन की उचाई तक पहुंचती है । कोई जरूरी नहीं, के आपकी आयु क्या है और आप कैसे दीखते है पर यह बहुत जरूरी है के आपकी समझ कितनी परपकव है इस कहानी राजा व उसके तीन पुत्र - Moral Story in Hindi में हम यही सीख रहे है । परिवार हो या राज्य, या फिर देश चाहे आपका जीवन आप इन सब को तभी संभल पाएंगे अगर आपकी समझ बहुत पक्की है, राजा व उसके तीन पुत्र - Moral Story in Hindi यही सिखाती है। तो आयें दोस्तों शुरू करते है हम आज की हमारी राजा व उसके तीन पुत्र - Moral Story in Hindi की कहानी ।


                                                    राजा का चुनाव


 एक राजा था । वह बेहद न्याय प्रिय दयालु और विनम्र था । उसके तीन बेटे थे। जब राजा बूढ़ा हुआ तो उसने किसी एक बेटे को राजगद्दी सौंपने का निर्णय किया। उसके लिए उसने तीनों बेटों की परीक्षा लेनी चाही। उसने तीनों राजकुमारों को अपने पास बुलाया और कहा, 'मैं आप तीनों को एक छोटा सा काम सौंप रहा हूं । उम्मीद करता हूं कि आप सभी इस काम को अपने सर्वश्रेष्ठ तरीके से करने की कोशिश करेंगे ।'



जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in Hindi

संभल जाओ वक़्त रहते नहीं आपके बच्चे भी वही करेंगे जो आप कर रहे हो   गांव जो आप करते हो बच्चे वही सिखएंगे - Short Story in Hindi -...